अन्तर्वासनापूर्ण

सेक्सी ममेरी बहन को मामा के घर में चोदा- 4

0 बार पढ़ी गई16 मिनट का पाठलगभग ८ घंटे पहले

मामी Xxx स्टोरी में मैंने मामी की बेटी को उनकी बगल में लेट कर चोदा. मामी इससे गर्म हो गयी. उन्होंने बीच में मेरा लंड भी चूस लिया. मैंने उसके बाद मामी को चोदा.

फ्रेंड्स, मैं आपको अपनी ममेरी बहन मेघा के साथ हुई चुदाई की सेक्स कहानी सुना रहा था.

इस सेक्स कहानी के पिछले भाग

सेक्स की भूखी मामी संग फोन सेक्स

में आप अब तक पढ़ चुके थे कि मैं एक रात को मेघा की मम्मी के साथ ही लेट कर चोद रहा था.

उस वक्त मैं मेघा की गांड मार रहा था और मेघा औंधी पड़ी थी. तभी मेघा की मम्मी यानि मेरी मामी जी ने अपनी आंखें खोल कर मुझे अपनी बेटी की गांड चुदाई करते हुए देख लिया.

मैं उनके साथ फोन सेक्स कर चुका था तो मुझे कोई भय नहीं रह गया था बल्कि यह समझ आ गया था कि मामी खुद भी चुदने के लिए गर्म हो रही है.

अब आगे मामी Xxx स्टोरी:

मैंने मेघा की चुदाई एक मिनट के लिए रोक दी और लंड मेघा की गांड से बाहर निकाल कर मामी के सामने हिला दिया.

मेरा लंड लंबा, काला, चिपचिपा उनके सामने आ गया और वह उस समय काफी टाइट था.

मैंने मामी के सामने अपने लंड को ऐसे हिलाया, जैसे मैं उन्हें लौड़े का लालच दे रहा हूँ.

फिर मैंने उन्हें दिखाते हुए ही उनकी नंगी पड़ी बेटी मेघा की गांड पर 4-5 बार लंड की चोट मारी और मामी को आंख मार दी.

मामी मुस्कुराईं और उन्होंने अपना एक हाथ आगे बढ़ा कर लंड को पकड़ लिया.

वे मेरे लौड़े को ऊपर-नीचे करने लगीं.

मेघा- भैया, क्या हुआ? डालो ना!

मैंने मामी के हाथ से लंड लिया और मेघा की गांड में डाल कर उसकी गांड की फिर से चुदाई शुरू कर दी.

मामी चुत की रगड़ाई कर रही थीं और मुझे वासना घूर रही थीं.

मैंने इशारे से मामी से पूछा कि अगर वह मेरा लंड मुँह में लेना चाहें तो …

मामी ने अपने दांतों से होंठों को काटा और मुस्कुरा दीं.

इससे मुझे ग्रीन सिग्नल मिल गया.

मैं समझ गया कि मामी का लंड चूसने का मन है.

‘मेघा, एक मिनट रुकना जान … शायद मेरा होने वाला है!’

मैंने झूठ बोला.

वह बोली- हां भैया अब मेरी चुत से भी रस निकल गया है. अब बस खत्म करो और अभी मुझे मत छेड़ना प्लीज!

मेघा के मुँह से यह सुनकर मैंने अपना लंड उसकी गांड से बाहर निकाला और हाथ से मुठिया कर मामी के हाथ में दे दिया.

मेघा मदहोश थी और मुँह नीचे किए लेटी थी.

मामी बेड पर बैठ गईं और अपने बालों को पीछे करके मेरे लंड को मुँह में लेकर पीने लगीं.

मेघा इस बात से बिल्कुल अनजान थी.

मैंने मामी के मुँह में लंड अन्दर-बाहर करने लगा.

मामी एक हाथ से अपने दूध मसल रही थीं और दूसरे हाथ से लंड को पकड़ कर चूस रही थीं.

मैं भी जोश में था तो मैंने मामी के बाल पकड़े और पूरी रफ्तार से उनके मुँह में लंड अन्दर-बाहर करने लगा.

मामी भी मेरे लंड को कस-कसके चूस रही थीं.

उन्होंने मेरी बॉल्स को मुँह में भर लिया और जोश में आकर कस-कसके लॉलीपॉप की तरह चूसने लगीं.

मैंने मदहोशी में आंखें बंद कर लीं.

मामी समझ गईं कि मेरा पानी निकलने वाला है.

वह लंड को खूब कस-कसके चूसने लगीं और फाइनली मैंने पूरा पानी मामी के मुँह के अन्दर निकाल दिया.

मामी ने पूरा पानी पी लिया और उसी समय उनका ऑर्गेज़्म भी हो गया.

तभी मामी ने हल्की सी आवाज़ की और बेड पर लेट गईं.

मेघा डर कर बोली- मम्मी जग गईं क्या?

मैं- नहीं-नहीं उन्होंने कोई सपना देखा होगा, इसलिए आवाज आई.

फिर मेघा, मैं और मामी लेट गए.

मैंने मामी को सिर्फ़ लंड पिलाया था लेकिन अब मैं मामी को पूरी तरह से चखना चाहता था.

मेघा के सोने के बाद मैंने मामी को मोबाइल पर मैसेज किया- मुझे नींद नहीं आ रही.

मामी- रात बहुत हो गई है, सो जाओ.

मैं- मुझे आपका नशा हो गया है.

मामी- पागल हो गए हो तुम.

और उन्होंने स्माइली बना के भेज दी.

मैं- मामी प्लीज़ दे दो ना एक बार!

मामी- क्या दे दूँ?

मैं- वही, जिसको फिंगरिंग कर रही थीं आप.

मामी- शर्म नहीं आती ऐसे बोलते हुए?

मैं- आपने भी तो मेरा पिया, आपको नहीं आई शर्म?

मामी- चुपचाप सो जाओ, रात बहुत हो गई है.

मैं- नहीं मामी, प्लीज़.

मामी- अरे मेघा जग गई तो प्रॉब्लम हो जाएगी.

मैं- वह नहीं उठेगी. मैंने उसकी कॉफ़ी में नींद की दवा मिला दी थी.

मामी- जैसे मेरे में मिलाई थी.

और उन्होंने हंसने का सिंबल बना दिया.

मैं- प्लीज़ दे दो ना!

मामी- नहीं … कुछ नहीं मिलेगा तुम्हें, सो जाओ.

मैं- मुझे बिना लिए हुए नींद नहीं आएगी.

मामी- मेघा की लेकर पेट नहीं भरा तुम्हारा? जो मेरे पीछे पड़े हो.

मैं- आप ज़्यादा हॉट हो मेघा से!

मामी ने शर्माने वाली इमोजी भेज दी.

मैं- प्लीज़ दे दो ना.

मामी- मैं वॉशरूम जा रही हूँ.

मैं- मैं भी आ रहा हूँ वहीं.

मामी- आ जाओ, लेकिन कुछ मिलेगा नहीं.

मैं- कोई बात नहीं.

मामी बाथरूम के अन्दर चली गईं और दरवाज़ा खुला था.

मैं वॉशरूम में आ गया और पीछे से मामी को अपनी बांहों में भर लिया.

मामी- अरे पागल हो क्या? कोई आ जाएगा!

मैं- मेघा सो रही है … वह नहीं आएगी.

मामी ने नाइटी पहनी थी.

मैंने पीछे से मामी की नाइटी उठा दी और उनकी गांड पर लंड रगड़ने लगा.

मामी- ये क्या कर रहे हो?

मैं- जो एक जवान औरत के साथ करना चाहिए.

मामी ने मेरा लंड हाथ से पकड़ लिया- बहुत गर्मी है इसमें!

मैं- हां देखो न … आपका हाथ लगते ही कितना टाइट हो गया है.

मामी- अभी गर्मी निकालती हूँ इसकी!

ये बोल कर मामी ज़मीन पर बैठ गईं और लंड को सहलाने लगीं.

मैं- फिर से पियोगी क्या?

मामी ने लंड को जीभ से चाटना शुरू कर दिया.

मैं- बहुत गजब पीती हो आप.

मामी ने मेरे लंड को पूरा मुँह में भर लिया और होंठों से दबा दबा कर चूसने लगीं.

मैं- आह मस्त चूस रही हो यार आप तो … मुझे तो जन्नत मिल गई.

मामी खूब मस्ती से लंड चूसने में लगी थीं और वे बीच बीच में मेरे बॉल्स को भी मुँह में लेकर चूस रही थीं.

मैं- आह गजब चूसती हो आप!

मामी- इतना मोटा लंड पीने का अलग ही मज़ा है.

मैं- मेरा होने वाला है.

मामी- तो अपनी रबड़ी निकाल दो तुम.

मैंने मामी के मुँह में लंड का पूरा पानी निकाल दिया.

मामी- बहुत ज्यादा पानी निकलता है तुम्हारा!

मैं- दो बार में पूरा निचोड़ लिया आपने.

मामी- अब गर्मी शांत हुई तुम्हारी या अभी भी मेरी लेने का मन है तुम्हारा?

मैं- आपका देने का मन है?

मामी- तुम अपना बताओ, दो बार पूरा पानी निकल चुका है … तुम्हारा अब भी खड़ा होगा क्या?

मैं- अगर आप खड़ा करना चाहो तो खड़ा कर सकती हो.

मामी- गीली तो मैं भी बहुत हूँ, चलो बगल वाले रूम में चलते हैं!

मैं और मामी बाजू वाले रूम में चले गए.

मामी ने नाइटी पहनी थी.

मामी- मुझे बिना कपड़ों के देखोगे तब खड़ा होगा तुम्हारा?

‘हाँ जल्दी से नंगी हो जाओ आप!’

‘साले कमीने हो पूरे!’

उन्होंने हंस कर मुझे हल्की सी झिड़की दी और अपनी नाइटी उतार दी.

मामी ने पैंटी नहीं पहनी थी, वे सिर्फ़ ब्लैक ब्रा में थीं.

उनकी नंगी चुत देख कर मेरा लंड एकदम खड़ा हो गया.

मामी- ये तो एकदम से खड़ा हो गया!

मैंने कहा- हां इसने अपना बिल देख लिया है न! पैंटी कब उतार दी थी?

वे बोलीं- जब तुम इसे मेरी बेटी के बिल में घुसेड़ रहे थे न, तभी मैंने पैंटी उतार दी थी.

अब मैं और मामी बिस्तर पर आ गए.

मामी- मेघा के साथ जैसे करते हो, वैसे ही करो.

मैंने मामी की ब्रा उतार दी और उनके दूध दबाने लगा.

मामी सिर्फ़ मुझे देख रही थीं.

मैं उनके दूध कस-कसके चूस रहा था और दबा रहा था.

मामी- चूचों से पेट भर गया हो तो नीचे भी थोड़ी मेहरबानी कर दो.

मैंने मामी की दोनों टांगें फैलाईं और उनकी चूत में अपनी जीभ को अन्दर तक डाल दिया.

मामी- आह … काफी मस्त लग रहा है.

मैं- आज पूरा मज़ा दूँगा आपको!

मामी- कैसे दोगे?

मैं- आपको चोद चोद कर!

मामी- फिर से बोलो, क्या करोगे मेरे साथ?

मैं- पूरी नंगी करके आपकी चुदाई करूँगा.

मामी- नंगी तो हो गई हूँ अब कब चोदोगे मुझे?

मैं- हां अब अभी पेलता हूँ और आज देर तक चोदूँगा.

मामी- कितना चोदोगे मुझे?

मैं- जब तक आपकी चूत का पानी न निकल जाए, तब तक लंड चुत के अन्दर ही रहेगा!

मामी- बहुत गीली हो गई है मेरी चूत, चलो अब लंड डालो और चोदो मुझे!

मैं- सेक्सी अंदाज़ में बोलो ना.

मामी- डालो ना अपना मोटा लंड मेरी चूत में और चोदो अपनी मामी को.

मैंने मामी की चुदाई शुरू कर दी.

‘इतनी उम्र में भी इतनी कसी हुई चूत है आपकी!’

मामी- बताया तो कि बहुत टाइम से लंड नहीं लिया है मैंने, तुम चोद कर लूज़ कर दो.

मैं- एक बार चोद कर लूज़ नहीं होगी.

मामी- तो कितनी बार चोदना चाहते हो मुझे?

मैं- जितनी बार चुदवाना चाहो आप!

मामी मुस्कुराईं और बोलीं- पहले आज के तो मज़े दे दो मुझे.

मैं मामी की लगातार चुदाई कर रहा था.

मामी- म्म … और तेज़ धक्के मारो.

मैं- आह हां मेरी जान मार रहा हूँ.

मामी- और कस-कसके.

मैं- और तेज़ पिलवाओगी … फट न जाए!

मामी- अरे फटने की चिंता छोड़ो और कस-कसके लौड़े को चलाओ मेरी चूत में.

मैं- आपके दूध बहुत उछल रहे हैं.

मामी हंस कर बोलीं- नंगी करके चोदोगे तो दूध तो झूलेंगे ही न … दूध पकड़ कर चोद लो तब शायद नहीं झूलेंगे!

मैंने मामी के दोनों दूध पकड़ लिए और मामी की कमर के नीचे तकिया लगाया और उनकी दोनों टांगें फैला कर फिर से चोदने लगा.

मामी- आ आह्ह्ह … अब ज़्यादा मज़ा आ रहा है और कस-कसके धक्के मारो.

मैं- हां मैं अपनी पूरी रफ्तार से चोद रहा हूँ आपको.

मामी- बहुत पानी आ रहा है.

मैं- तभी तो इतनी रफ्तार से लंड अन्दर-बाहर हो रहा है आपकी चूत में.

मामी- चोदते रहो, बहुत अच्छा लग रहा है.

मैं- आपको चोदने में बहुत मज़ा आ रहा है.

मामी- हमेशा मेरे दूध पकड़ कर चुदाई करना मेरी.

मैं- मैंने कभी सोचा नहीं था कि आपको ऐसे नंगी करके चोदूँगा.

मामी- मेरा खुद चुदने का मन था, वरना कभी चोद न पाते तुम मुझे, जब तुमने मेघा की चुदाई बताई तो इतना ज़्यादा गीली हो गई मैं कि क्या बताऊं.

मैं- आपको किस करके लिपट कर चोदूँ आपको?

मामी- किस नहीं, सिर्फ़ लिपट कर चोदो.

मैं मामी से लिपट गया और हम लोग एक-दूसरे की आंखों में देख रहे थे.

इसी के साथ साथ मामी की चूत में लंड खूब तेज़-तेज़ से अन्दर-बाहर हो रहा था.

मामी- आह्ह …

मैं- क्या हुआ?

मामी- लंड बहुत मोटा है तुम्हारा.

मैं- आपका हुस्न देख कर और ज़्यादा टाइट हो गया है ये!

मामी- क्या दिखा मेरे हुस्न में?

मैं- आपके मोटे-मोटे दूध, मोटी गांड और इतनी कसी हुई चूत.

मामी- मेरी कसी हुई चूत को ढीला कर दो और तबियत से चोदो मुझे.

मैं- हां आज तो पूरी जान लगा कर चोदूंगा आपको!

मामी- आह और कसके पेलो.

मैं- मस्त माल हो आप!

मामी हंस दीं और उन्होंने अपने होंठों में मेरे होंठों को भर लिया.

वे अपना वादा तोड़ कर मुझे होंठों से होंठों में चुंबन करने लगीं.

मैं और मामी दोनों पूरा नंगे थे और एक-दूसरे से लिपटे थे.

मैं मामी को ताबड़तोड़ चोद रहा था और मामी मुझे अपनी बांहों में भर कर जुबान मुँह में डाल कर किस कर रही थीं.

मामी ने जीभ निकाली और मादक आवाज में बोलीं- आआआह … खूब तेज़-तेज़ चोदो मुझे.

मैं- किस के लिए आपने तो मना किया था.

मामी- जब चूत में गर्मी ज़्यादा बढ़ती है तो मैं सब कुछ भूल जाती हूँ.

मैं- सच में बड़ी कड़क माल हो आप.

मामी- अब पानी निकाल दो मेरा!

उन्होंने अपनी टांगों से मुझे लपेट लिया और मुझे किस करना शुरू कर दिया.

वे कामुकता से अकड़ती हुई बोलीं- आह जल्दी से जितना तेज़ चोद सकते हो … चोदो मुझे!

मैंने मामी की चूत में पूरी रफ्तार से लंड चलाना शुरू कर दिया.

मामी- आह्ह्ह … म्म्म … म्म … और तेज़, और तेज़ और कस-कसके और अन्दर … और अन्दर टक कस-कसके चोद बहन के लौड़े और तेज़-तेज़ करो और तेज़ करो आआ आह्ह … आह्ह्ह!

यह सब कहते कहते ही मामी का पानी निकल गया और पूरी बेडशीट गीली हो गई.

मामी ढीली पड़ गईं.

मैंने भी उनकी चुत के बाहर रस झाड़ा और बगल में लेट गया.

फिर उन्होंने नाइटी पहनी और हम दोनों मेघा के पास सोने चले गए.

फिर मैं, मेघा और मामी तीनों लोग सो गए और मॉर्निंग में देर से उठे.

अब मैं मामी से बिल्कुल भी शर्मा नहीं रहा था.

मामी भी समझ चुकी थीं कि उनको अब क्या करना है.

दोपहर का वक्त था.

मामी ने मेघा को किसी काम से बाहर भेज दिया और खुद नहाने चली गईं.

मामी ने मुझे आवाज़ लगाई- जॉन, तौलिया दे दो प्लीज!

मैं तौलिया लेकर बाथरूम में गया और बाथरूम का दरवाज़ा बंद कर लिया.

मामी- अरे तुम तो सीधे अन्दर आ गए शर्म नहीं आती?

वे सिर्फ़ ब्रा और पेटीकोट में थीं.

मैंने कहा- मामी, मुझे आपके दूध पीने हैं.

मामी- मेघा के पीकर पेट नहीं भरा तुम्हारा?

मैं- आपके ज़्यादा बड़े हैं.

मामी हंसने लगीं.

मैंने देर न करते हुए मामी के दूध ब्रा के ऊपर से ही पकड़ लिए.

मामी- बहुत जल्दी है मेरे दूध पीने की.

मैं- जबसे आपने मेरा लंड पिया है, तबसे आपको खाने का बहुत मन है मेरा.

मामी- अपनी मामी के साथ ये सब करोगे?

मैं- इतनी हॉट मामी हो तो ये सब करने में कैसी शर्म?

मामी हंसीं- बिना किए मानोगे नहीं तुम.

मैं- नहीं.

मामी- रुको अच्छा, मैं लेट जाती हूँ फिर आराम से जो करना है करो.

फिर मामी बाथरूम में लेट गईं.

मैंने मामी की ब्रा उतारी और उनके दूध मसलने लगा.

मामी हल्के स्वर में कामुक आवाज़ें निकाल रही थीं.

मैं पूरी ताकत से मामी के दूध मसल रहा था और निप्पल चूस रहा था.

मामी ने मेरा लंड हाथ में ले लिया और ऊपर-नीचे करने लगीं.

मैंने करीब दस मिनट मामी के दूध मसले और चूसे. मामी भी मदहोश सी हो गई थीं.

मैंने मामी का पेटीकोट उतार दिया.

मामी- क्या कर रहे हो?

मैं- लंड डालूँगा आपकी चूत में.

मामी- पूरे बेशर्म हो गए हो.

मैं- कल जब आपने लंड पिया था तब आपको शर्म नहीं आई थी!

मामी फिर से मुस्कुराईं- क्या करोगे डाल के?

मैं- आपकी चुदाई करूँगा.

मामी- बेशर्म!

मैं- आपका चुदने का मन है मामी?

मामी- मन न होता तो ऐसे नंगी लेटी होती क्या?

उन्होंने मेरा लंड हाथ में पकड़ लिया और बोलीं- आज इसकी गर्मी दिखाओ ज़रा, मेरी लड़की की तो चीखें निकाल दी तुमने!

मैं मामी के ऊपर आया और लंड एक बार में पूरी उनकी चूत में डाल दिया.

मामी ने दर्द से आंखें बंद कर लीं- आह बहुत लंबा है!

मैंने मामी की चुदाई शुरू कर दी.

मामी सिर्फ़ मेरी आंखों में देख रही थीं.

मैं भी उनकी आंखों में देख रहा था और लगातार उनकी चूत को चोद रहा था.

मामी- म्म्म … काफी मोटा है तुम्हारा लंड.

मैं- अच्छा लग रहा है न मामी!

मामी- हां बहुत अच्छा लग रहा है … आह और कस-कसके करो.

मैंने मामी की चुदाई की रफ्तार बढ़ा दी.

मामी- आआह …

मैं- ऐसे ही चिल्लाइए और.

मामी- मेरी सिसकियां निकाल दीं जब तुमने, तो मेघा का क्या हाल किया होगा? वह भी पूरी रात पेला उसे!

मैं- बहुत मज़ा आया उसे, वह कह रही थी कि अब उसे सिर्फ़ मेरे ही लंड से चुदना है.

मामी- इतना मोटा और लंबा लंड जब मुझे लेने में दर्द हो रहा है तो वह तो अभी सिर्फ़ 21 की है … सच में चीखें निकल गई होंगी उसकी.

मैं- शुरू में तो दर्द हुआ उसे लेकिन बाद में बेशर्मों की तरह चुदवा रही थी.

मामी फिर से हंसी और बोलीं- पहले मामी की लड़की को पटाया और अब मामी को भी पटाकर चोद लिया.

मैं- मुझे आप बहुत अच्छी लगती हो.

मामी- झूठ मत बोलो, चूत चाहिए थी तुम्हें मेरी … और वह मिल गई तुम्हें!

मैं हंसा और बोला- आपको लंड चाहिए था और मुझे चूत … दोनों की ज़रूरतें पूरी हुईं.

मामी- इतना मोटा और लंबा लंड तो हर रोज़ लेने का मन करेगा.

मैं- तो रोज़ चुदने का मन है क्या आपका?

मामी हंसी और बोलीं- थक जाओगे तुम अगर रोज़-रोज़ करोगे. जब मेरा मन होगा तो तुम्हें बुला लूँगी तब तक मेघा की गर्मी शांत करना तुम. मुझे डर है कि वह कहीं किसी बाहरी को अपना बॉयफ्रेंड न बना ले, इससे तो तुम ही अच्छे … सही से ख्याल रखना उसका!

मैं- फिलहाल अभी तो आपका ख्याल रख रहा हूँ.

मामी ने अपनी टांगों से मुझे लपेट लिया और बोलीं- अब पानी निकाल दो मेरा!

मैंने मामी की चूत में लौड़े को पेलने की स्पीड बढ़ा दी.

मामी- और कस के और कस-कसके … आह जितना कस के चला सकते हो चलाओ अपना लंड मेरी चूत में आह म्म्म … और तेज़ और कस-कसके धक्के मारो मेरी चूत में म्म्म … मेरी चूत का पानी निकाल दो और कस-कसके … आआआह्ह …

मामी की मादक सिसकारियों से बाथरूम गूँज रहा था और मैं ताबड़तोड़ मामी को चोद रहा था.

फाइनली मैंने मामी की चूत भर दी और मामी का भी रस निकल गया.

मामी- बहुत सालों बाद ऐसा मज़ा मिला है.

मैं- जब भी ज़रूरत हो मुझे बुला लेना.

मामी उठीं और मेरा लंड पकड़ लिया.

उस वक्त लंड एकदम चिपचिपा था.

मामी ने कहा- मुझे तुम्हारा लंड पीना है.

मैं- आपका ही है, पी लो.

मामी घुटनों के बल बैठ गईं और बाल पीछे करके लंड को मुँह में भर कर चूसने लगीं.

मैं- आह सच में आप मस्त चूसती हो … मुझे तो आपसे लंड चुसवा कर मानो जन्नत मिल जाती है!.

मामी लंड को खूब कस-कसके चाट रही थीं और बॉल्स को भी मुँह में भर के चूस रही थीं.

मैंने मामी का सिर पकड़ लिया और कस-कसके उनके मुँह में धक्के मारने लगा.

मामी भी पूरा जोश में थीं और लंड को गले तक ले जा रही थीं और चूस रही थीं.

मैं- लंड पीने की कला तो कोई आपसे सीखे.

मामी- इसी बहाने मेरे पास तो आया करोगे तुम!

उन्होंने लंड और बॉल्स को एक साथ मुँह में भर लिया और थूक लगा कर चूस रही थीं.

मैं- आह बहुत बेरहमी से लंड पीती हैं आप.

मामी- मेरी बेटी को भी तुमने बेरहमी से ही चोदा था.

मैं- मामी, रस निकलने वाला है मेरा.

मामी- निकालो निकालो.

कुछ ही पलों बाद मैंने पूरा रस मामी के मुँह के अन्दर निकाल दिया.

मामी ने पूरा रस पी लिया और लंड को चाट-चाट कर साफ़ कर दिया.

मैं- बहुत थका दिया आपने तो!

मैं बाथरूम से बाहर आ गया.

थोड़ी देर बाद मामी भी नहा कर बाहर आ गईं.

दोस्तो, आपको मेरी मामी Xxx स्टोरी का यह भाग कैसा लगा, प्लीज जरूर बताएं.

मामी Xxx स्टोरी का अगला भाग:

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